करंट की चपेट में आए अधिवक्ता के युवा पुत्र की मौत
अधिवक्ता के पुत्र की मौत से मचा कोहराम,शोक जताने के लिए बड़ी संख्या में पहुंचे लोग
बृजबिहारी द्विवेदी
कानपुर देहात। मारग मैथा गांव में शनिवार की देर शाम 19 वर्षीय अधिवक्ता पुत्र की बिजली करेंट लगने से मौत हो गई। मौत की खबर मिलते ही ग्रामीणों व अधिवक्ताओं में शोक की लहर दौड़ गई। सभी लोग इस हृदय विदारक घटना को सुन स्तब्ध रह गए।
तहसील मैथा में विधि व्यवसाय करने वाले अधिवक्ता विनोद कुमार अवस्थी के एकलौते पुत्र शिवा की बिजली करेंट लगने से दर्दनाक मौत हो गयी। मृतक भी क्षेत्र के प्रतिष्ठित राम-जानकी विधि महाविद्यालय से एलएलबी की पढ़ाई कर रहा था। शनिवार की शाम करीब 07 बजे वह अपने घर मारग मैथा में इंवर्टर से बाधित बिजली को देख कर सही कर रहा तथा तभी अचानक इंवर्टर में उतरे करेंट की चपेट में आ गया और मूर्छित होकर गिर गया। घर पर मौजूद परिजन रोते बिलखते हुए उसे तुरंत अपनी कार से कानपुर अस्पताल लेकर भागे। कानपुर पहुंचते पहुंचते रास्ते में ही उसने दमतोड़ दिया। परन्तु परिजन जीने की आश में उसे कानपुर के एक निजी अस्पताल व हृदय रोग संस्थान ( कार्डियोलाजी) लेकर गये जहां पर मौजूद डाक्टरों ने जांच-पड़ताल करते हुए उसे मृत घोषित कर दिया। एकलौते पुत्र की इस दुखद मृत्यु से पिता विनोद कुमार अवस्थी माता रमाकांती बड़ी बहिन कीर्ति अवस्थी दहाड़ मारकर रोते हुए बेसुध हो गई।
नम आंखों से जताया शोक,कहा परिवार के साथ है खड़े
अधिवक्ता पुत्र की असमायिक मृत्यु पर उनके आवास पर अधिवक्ताओं और ग्रामीणों की भारी भीड़ लग गई। शोक जताने वालों ने अधिवक्ता विनोद अवस्थी को ढांढस बंधाया।लायर्स एसोसिएशन तहसील मैथा अध्यक्ष कुलदीप तिवारी (राजा) अधिवक्ता राजीव दीक्षित गीतेश कुमार अग्निहोत्री बृजबिहारी द्विवेदी,केके पाण्डेय , लायर्स एसोसिएशन पूर्व अध्यक्ष मैथा भूपेंद्र सिंह यादव,सुधीर।सिंह भदौरिया,प्रदेश मंत्री उत्तर प्रदेश युवा उद्योग व्यापार मंडल आशुतोष द्विवेदी ,संदीप द्विवेदी मोनू पाण्डेय ग्राम प्रधान अखिलेश राठौर व्यवसाई देवीप्रसाद मिश्रा, दयालु गुप्ता , पिंकी सिंह चन्देल सहित बड़ी संख्या में अधिवक्ता व ग्रामीण उनके आवास पर पहुंचकर ढांढस बंधाया। परिजनों ने मृतक के शव का पोस्टमार्टम कराने से इंकार कर दिया। रविवार की सुबह बिठूर घाट पर मृतक की अन्त्येष्टि की गई जहां पर बड़ी संख्या में अधिवक्ताओं, समाजसेवियों, राजनीतिक दलों के लोगों जनप्रतिनिधियों व ग्रामीणों की भीड़ रही।
