लापरवाही उजागर-इमरजेंसी कक्ष में मिली एक्सपायरी दवाइयाँ, गायब मिला जनरेटर
डिप्टी सीएमओ को निरीक्षण में महिला कक्ष में बैठा मिला कुत्ता
राजपुर कानपुर देहात। डिप्टी सीएम डाॅ ब्रजेश पाठक की सख्ती के बावजूद स्वास्थ्य अधिकारियों के रुचि न लेने से राजपुर पीएचसी में स्वास्थ्य सेवाएं पटरी पर नहीं आ पा रही है। राजपुर पीएचसी में स्वास्थ्य सेवाएं बेपटरी हैं यहाँ जिम्मेदार पीएचसी अधीक्षक की लापरवाही मरीजों पर भारी पड़ रही है। डाक्टरों की लेट लतीफी बढ़ा रही मरीजों का दर्द, राजपुर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के वार्डों में कुत्तों का डेरा की खबर पर डिप्टी सीएमओ राजपुर ब्लॉक के नोडल अधिकारी डाक्टर आदित्य सचान ने गुरुवार को पीएचसी में स्वास्थ्य सेवाओं का निरीक्षण करने पर खामियों का अंबार मिला। उन्हें इमरजेंसी कक्ष में अत्यधिक खून रोकने वाली जीवन रक्षक दवाएं लगभग दो माह की एक्पायर रखी मिलीं। शौचालय गंदगी से बजबजा रहे थे। स्टोर रूम में भी दवाएं व्यवस्थित तरीके से नहीं रखी थीं।
फार्मासिस्ट नही दिखा सके स्टाॅक रजिस्टर
फार्मासिस्ट स्टाॅक रजिस्टर तक नहीं दिखा सकेे इसके अलावा जेएसवाई वार्ड में कुत्ता बैठा मिला। तथा दरवाजा भी टूटा मिला ओपीडी रजिस्टर में बुखार पीड़ित सभी मरीजों को एक सामान दवाइयाँ लिखी गई थी। औषधि भंडारण कक्ष रजिस्टर में खामियां मिलीं तथा कुछ दवाएं कम मिलीं। इमरजेंसी वार्ड में एविल का इंजेक्शन 2 माह का एक्सपायरी पाया गया। वही पीएचसी परिसर में रखा जनरेटर नदारद मिलने पर पीएचसी अधीक्षक समेत स्वास्थ्य कर्मी जनरेटर के बारे में जानकारी नहीं दे सके। डिप्टी सीएमओ को जनरेटर नहीं मिलने पर एफआईआर लिखवाने की बात कही। निरीक्षण के दौरान मरीज के तीमारदारों ने रात में अस्पताल में चिकित्सक नहीं रुकने की शिकायत की। जिस पर डिप्टी सीएमओ ने पीएचसी अधीक्षक डाॅ अमित निरंजन को अस्पताल में निवास करने के निर्देश दिए । डिप्टी सीएमओ डॉ. आदित्य सचान ने बताया कि पीएचसी के औचक निरीक्षण में कई खामियां सामने आई थी। इमरजेंसी वार्ड में एक्सपायरी दवाइयाँ मिली है। इस मामले में रिपोर्ट बनाकर सीएमओ को भेजी जा रही है।
बगैर मेडिकल परीक्षण के लौटाया
जैसलपुर गाँव के जितेंद्र सिंह को पुलिस ने मारपीट के मामले में गिरफ्तार कर पीएचसी में मेडिकल परीक्षण के लिए भेजा था। डिप्टी सीएमओ के निरीक्षण के दौरान मेडिकल परीक्षण के लिए पहुंचे जितेंद्र को पीएचसी अधीक्षक ने सिकन्दरा सीएचसी में मेडिकल कराने की बात कहकर लौटा दिया।
